ट्रेन हादसों में दो किसानों की दर्दनाक मौत, परिवारों में मचा कोहराम
कथनी_करनी_न्यूज
बाराबंकी। रेलवे ट्रैक पार करते समय हुए दो अलग-अलग हादसों में दो किसानों की ट्रेन की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। इन घटनाओं के बाद से मृतकों के परिजनों में कोहराम मचा हुआ है और गांवों में सन्नाटा पसरा है। पुलिस और जीआरपी ने शवों को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
पहला मामला, रामनगर क्षेत्र के ग्राम खेतौरा में बुढ़वल-सीतापुर रेलवे लाइन पर एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। यहाँ के निवासी मैनेजर सिंह (50 वर्ष), पुत्र स्वर्गीय भगवान बख्श सिंह, पेशे से किसान थे।
परिजनों के मुताबिक, रात करीब 11 बजे मैनेजर सिंह घर पर भोजन करने के बाद खेतों में मेंथा की पैराई कराने के लिए निकले थे। उनका खेत रेलवे लाइन के दूसरी तरफ स्थित है। जब वह घर से महज 200 मीटर दूर रेलवे ट्रैक पार कर रहे थे, तभी अचानक आई तेज रफ्तार ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे में उनकी मौके पर ही मौत हो गई। ट्रेन पॉयलेट के मेमो पर रात करीब दो बजे पुलिस ने परिजनों को इस घटना की सूचना दी, जिसके बाद परिवार में चीख-पुकार मच गई। मृतक किसान अपने पीछे दो बेटे और एक बेटी छोड़ गए हैं।
दूसरी घटना: मल्हौर स्टेशन के पास मिला किसान का शव
लखनऊ। चिनहट के फुसू का पुरवा निवासी किसान अमरजीत (40 वर्ष) की भी ट्रेन हादसे में जान चली गई। अमरजीत खेती-बाड़ी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। वह अपने चार भाइयों में मंझले थे।
जानकारी के अनुसार, रात के समय गाँव के बाहर मल्हौर रेलवे स्टेशन के समीप रेलवे ट्रैक पर अमरजीत का शव बरामद हुआ। आशंका जताई जा रही है कि पटरी पार करते समय वह किसी अज्ञात ट्रेन की चपेट में आ गए। सूचना मिलते ही बाराबंकी जीआरपी मौके पर पहुँची जिसने लाश को कब्जे में लेकर पंचनामा भरकर मामले की जाँच शुरू कर दी। अमरजीत की मौत से उनके पीछे एक बेटा और एक बेटी अनाथ हो गए हैं और पत्नी व बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है।